Aug 10, 2026

कृमि मुक्त होगा बचपन, स्वस्थ होगा भविष्य: गोंडा में राष्ट्रीय कृमि मुक्ति दिवस का डीएम ने किया शुभारंभ




गोण्डा - राजकीय बालिका इंटर कॉलेज (जीजीआईसी) सभागार गोण्डा में राष्ट्रीय कृमि मुक्ति दिवस के अवसर पर जिलाधिकारी श्रीमती प्रियंका निरंजन ने विद्यालय के छात्राओं को दवा खिलाकर कार्यक्रम का शुभारंभ किया।


कार्यक्रम के दौरान उन्होंने बताया कि पेट के कीड़ों से बच्चों को मुक्त कर उन्हें स्वस्थ, सशक्त और बेहतर भविष्य की ओर ले जाने के उद्देश्य से सोमवार को राजकीय बालिका इंटर कॉलेज गोण्डा में राष्ट्रीय कृमि मुक्ति दिवस का आयोजन किया गया। 


कार्यक्रम का शुभारंभ “स्वस्थ बचपन–उज्ज्वल भविष्य” और “छोटा कदम, बड़ा स्वास्थ्य लाभ” की थीम के साथ किया गया

कार्यक्रम में जिलाधिकारी एवं मुख्य चिकित्सा अधिकारी मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। अतिथियों ने छात्र-छात्राओं को कृमि संक्रमण से होने वाले दुष्प्रभावों, बचाव के उपायों तथा नियमित स्वच्छता के महत्व के बारे में जानकारी दी। उन्होंने कहा कि “पेट के कीड़ों से छुटकारा, सेहतमंद, सशक्त एवं भविष्य हमारा” के संकल्प को साकार करने के लिए विद्यालय, अभिभावक और स्वास्थ्य विभाग को मिलकर निरंतर प्रयास करना होगा।

इस अवसर पर विद्यालय के छात्र-छात्राओं को मंच पर एल्बेंडाजोल (Albendazole) की टैबलेट वितरित की गई। बच्चों को हाथों की नियमित सफाई, स्वच्छ पानी के सेवन, नाखून साफ रखने तथा व्यक्तिगत एवं आसपास की स्वच्छता बनाए रखने के लिए भी प्रेरित किया गया।

स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों ने बताया कि जनपद में राष्ट्रीय कृमि मुक्ति अभियान के तहत 5,181 विद्यालयों एवं 3,095 आंगनबाड़ी केंद्रों के माध्यम से कुल 18,45,736 बच्चों को एल्बेंडाजोल/डिवर्मिंग की दवा खिलाने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। अभियान का उद्देश्य बच्चों में कृमि संक्रमण को नियंत्रित कर उनके शारीरिक विकास, पोषण और स्वास्थ्य को बेहतर बनाना है।

स्वास्थ्य विभाग ने अभिभावकों से अपील की कि वे अभियान में सक्रिय सहयोग करें और बच्चों को निर्धारित डिवर्मिंग दवा अवश्य दिलाएं, ताकि गोंडा का हर बच्चा कृमि मुक्त, स्वस्थ और सशक्त बन सके।


कार्यक्रम के दौरान जिलाधिकारी ने विद्यालय की छात्राओं से सीधा संवाद करते हुए विद्यालय में मिलने वाले सुविधाओं के संबंध में जानकारी ली, जिस पर छात्राओं द्वारा अवगत कराया गया कि विद्यालय के बाथरूम में साफ सफाई की आवश्यकता है तथा शैक्षणिक कक्ष में लगे हुए पंखे सही नहीं चल रहे हैं जो सही कराने के योग्य हैं। जिलाधिकारी ने मौके पर ही जिला विद्यालय निरीक्षक तथा विद्यालय प्रधानाचार्य को निर्देश दिए की इन दोनों बिंदुओं पर विशेष ध्यान देते हुए सही कराया जाए, ताकि विद्यालय में पढ़ने वाली छात्राओं को किसी भी प्रकार की असुविधा ना हो।

कार्यक्रम में अपर मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ० सी.के. वर्मा, डॉ० आदित्य वर्मा, प्रधानाचार्य राजकीय बालिका इंटर कॉलेज, डीपीएम अमरनाथ, डीसीपीएम डॉ० आर.पी. सिंह, डीईआईसी एवं आरकेएसके से संबंधित अधिकारी रंजीत राठौर सहित स्वास्थ्य विभाग के अधिकारीगण, शिक्षकगण एवं बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे।

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